नींद और सपने
नींद और सपने दोनों इंसान के लिए महत्वपूर्ण होते हैं। जिस प्रकार इंसान के लिए खाना, पीना, उठना, बैठना आदि सभी जीने के लिए जरूरी है ठीक उसी प्रकार सोना भी इंसान के लिए उतना ही जरूरी है। बिना सोये कोई भी इंसान ज्यादा दिनों तक जीवित नहीं रह सकता है। अब जो नींद और सपने हैं उनके भी कई प्रकार होते हैं। 12 घण्टे की नींद, 11 घण्टे की नींद, 8 घण्टे की नींद, 4 घण्टे की नींद, 2 घण्टे की नींद, 30 मिनट की नींद, 15 मिनट की नींद, 5 मिनट की नींद यहाँ तक कि 10 सैकण्ड की नींद जिसे झपकी भी कहते हैं अक्सर लोग ऑफिस मेब ैठे-बैठे झपकी लेता है तो उसे डांट भी पड़ती है अबे ऑफिस मे साने आता है क्या ? जब नींद आती है तो उस नींद के साथ कुछ सपने भी जुड़े होते हैं। अब सपने भी कई प्रकार के होते हैं। दोस्तों के सपने, नौकरी के सपने, परिवार वालों के सपने, डरावने भूतों के सपने, जानवरों के सपने, भयंकर नागों के सपने, मौत के सपने, बर्बादी के सपने, आबादी के सपने, लड़कियों के सपने, अस्लील सपने इस प्रकार से सपने भी कई प्रकार के होते हैं। सपने और नींद दोनों ही इंसान के मानसिक तनाव और मानसिक शांति का कारण बनते हैं। यदि कोई 12 घण्टे बिना किसी सपने के गहरी नींद लेता है तो उसको मानसिक हर्ष और शांति प्राप्त होती है, यदि कोई सोते हुए भयंकर भूत, शमशान या फिर अपनी ही मौत देखता है तो इससे उसको मानसिक तनाव मिलता है और जीवन मे अशांति आ जाती है। यदि कोई 2 घण्टे की नींद लेता है तो मष्तिष्क को आराम नहीं मिलता और मानसिक तनाव का कारण होता है। स्वस्थ जीवन के लिए 8 घण्टे कम से कम नींद और नींद मे या तो सपने शांति प्रदान करने वाले हों या फिर हो ही न तो ठीक है। नींद और सपनों से आपको पता चलता है कि आपको कितना ज्यादा मानसिक तनाव है और आप किस प्रकार की नकारात्मक शक्तियों की चपेट मे हो या फिर आने वाले हो।
नींद और सपने दोनों इंसान के लिए महत्वपूर्ण होते हैं। जिस प्रकार इंसान के लिए खाना, पीना, उठना, बैठना आदि सभी जीने के लिए जरूरी है ठीक उसी प्रकार सोना भी इंसान के लिए उतना ही जरूरी है। बिना सोये कोई भी इंसान ज्यादा दिनों तक जीवित नहीं रह सकता है। अब जो नींद और सपने हैं उनके भी कई प्रकार होते हैं। 12 घण्टे की नींद, 11 घण्टे की नींद, 8 घण्टे की नींद, 4 घण्टे की नींद, 2 घण्टे की नींद, 30 मिनट की नींद, 15 मिनट की नींद, 5 मिनट की नींद यहाँ तक कि 10 सैकण्ड की नींद जिसे झपकी भी कहते हैं अक्सर लोग ऑफिस मेब ैठे-बैठे झपकी लेता है तो उसे डांट भी पड़ती है अबे ऑफिस मे साने आता है क्या ? जब नींद आती है तो उस नींद के साथ कुछ सपने भी जुड़े होते हैं। अब सपने भी कई प्रकार के होते हैं। दोस्तों के सपने, नौकरी के सपने, परिवार वालों के सपने, डरावने भूतों के सपने, जानवरों के सपने, भयंकर नागों के सपने, मौत के सपने, बर्बादी के सपने, आबादी के सपने, लड़कियों के सपने, अस्लील सपने इस प्रकार से सपने भी कई प्रकार के होते हैं। सपने और नींद दोनों ही इंसान के मानसिक तनाव और मानसिक शांति का कारण बनते हैं। यदि कोई 12 घण्टे बिना किसी सपने के गहरी नींद लेता है तो उसको मानसिक हर्ष और शांति प्राप्त होती है, यदि कोई सोते हुए भयंकर भूत, शमशान या फिर अपनी ही मौत देखता है तो इससे उसको मानसिक तनाव मिलता है और जीवन मे अशांति आ जाती है। यदि कोई 2 घण्टे की नींद लेता है तो मष्तिष्क को आराम नहीं मिलता और मानसिक तनाव का कारण होता है। स्वस्थ जीवन के लिए 8 घण्टे कम से कम नींद और नींद मे या तो सपने शांति प्रदान करने वाले हों या फिर हो ही न तो ठीक है। नींद और सपनों से आपको पता चलता है कि आपको कितना ज्यादा मानसिक तनाव है और आप किस प्रकार की नकारात्मक शक्तियों की चपेट मे हो या फिर आने वाले हो।
टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें